लखीमपुर खीरी जिले के मझगई थाना क्षेत्र के हुलासी पुरवा गांव में पुलिस हिरासत में एक युवक की मौत का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मृतक की पहचान 36 वर्षीय रामचंद्र के रूप में हुई है। परिजनों का आरोप है कि पुलिस की पिटाई के कारण रामचंद्र की मौत हुई है।
क्या है पूरा मामला?
रामचंद्र अपने गांव के कुछ अन्य लोगों के साथ जंगल में लकड़ी बीनने गया था। इसी दौरान निघासन और मझगई पुलिस ने उसे अवैध शराब बनाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया।
हिरासत में बेरहमी से पिटाई
परिजनों का कहना है कि पुलिस ने रामचंद्र को हिरासत में बुरी तरह पीटा। पहले उसे निघासन कोतवाली ले जाया गया, जहां पिटाई के कारण उसकी हालत गंभीर हो गई। इसके बाद उसे आनंदपाल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिजनों का हाल बेहाल
रामचंद्र की मौत के बाद उसके परिवार में मातम का माहौल है। मृतक की पत्नी पूनम और उनके दो छोटे बेटे अमर (5) और समर (3) का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों ने पुलिस पर हत्या का आरोप लगाते हुए न्याय की गुहार लगाई है।

शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया
पुलिस ने शव को परिजनों से लेकर एंबुलेंस के जरिए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हालांकि, इस मामले में पुलिस की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
स्थानीय क्षेत्र में तनाव
इस घटना ने गांव में तनाव का माहौल पैदा कर दिया है। लोग घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
न्याय की मांग
परिजनों ने प्रशासन से अपील की है कि उन्हें न्याय मिले और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं। यह घटना पुलिस पर सवाल खड़े करती है और न्याय व्यवस्था में भरोसे की चुनौती पेश करती है।




