लखीमपुर खीरी के बांकेगंज के बाबूपुर गांव में जमीन विवाद के चलते हुई सामूहिक आत्महत्या का मामला तूल पकड़ रहा है। सोमवार को इस घटना को लेकर अधिवक्ताओं ने एसपी से मुलाकात की और पुलिसकर्मियों को भी जिम्मेदार ठहराते हुए उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
अधिवक्ताओं ने सौंपा ज्ञापन
बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश के पूर्व चेयरमैन अजय कुमार शुक्ल के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश अधिवक्ता महासंघ ने एसपी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग की कि आत्महत्या के मामले में शामिल सभी पुलिसकर्मियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाए।

पुलिसकर्मियों की भूमिका पर सवाल
अधिवक्ता महासंघ ने आरोप लगाया कि मृतक बाप-बेटों की आत्महत्या में महिला सिपाही आरती निगम और उसके परिजनों के साथ-साथ पुलिसकर्मियों की भूमिका भी रही है। मौके की परिस्थितियां और साक्ष्य इस बात की गवाही देते हैं।
अधिवक्ताओं की चेतावनी
अधिवक्ता महासंघ के उपाध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह सूर्यवंशी ने कहा कि वकील समाज पुलिस के अत्याचार के खिलाफ चुप नहीं बैठेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि दोषी पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए अधिवक्ता सड़क से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक संघर्ष करेंगे।
आगे की योजना
अधिवक्ताओं ने कहा कि जिले में पुलिस उत्पीड़न के कारण आत्महत्या की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इस मुद्दे पर न्याय दिलाने के लिए अधिवक्ता समाज हर संभव कदम उठाएगा।
उपस्थित लोग
इस मौके पर आफताब अहमद, ऊषा वर्मा, अफसर अली, मनोज प्रजापति, हिमांशु तिवारी, राम गोपाल पांडे, गोपाल कश्यप, रजनीश द्विवेदी और आशुतोष त्रिवेदी समेत कई लोग मौजूद थे।




