लखीमपुर खीरी जिले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की एडिटेड फोटो सोशल मीडिया पर वायरल करने के आरोप में छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है। ये मामले ईसानगर, पलियाकलां और सिंगाही थाना क्षेत्रों में दर्ज किए गए हैं।
मामला क्या है
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की एक एडिटेड और आपत्तिजनक फोटो को सोशल मीडिया पर वायरल करने का आरोप कुछ युवकों पर लगाया गया है।यह फोटो मुख्यमंत्री की छवि को धूमिल करने और सांप्रदायिक भावनाएं भड़काने जैसी मंशा से वायरल की गई थी।ईसानगर थाना क्षेत्र में अरबाज खान और फुरकान नामक दो युवकों ने फेसबुक पर मुख्यमंत्री की एडिटेड तस्वीर पोस्ट की थी।
आपत्ति जताए जाने के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। थानाध्यक्ष निर्मल तिवारी ने बताया कि उनके खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई है।
लखीमपुर खीरी में तीन जगहों से गिरफ्तारियाँ
पलियाकलां में भी मुख्यमंत्री की आपत्तिजनक फोटो वायरल करने के आरोप में पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लिया था। पूछताछ के बाद तीनों का शांतिभंग में चालान किया गया है। इनमें एक नाबालिग और दो अन्य व्यक्ति शामिल हैं। इस कार्रवाई को लेकर आईटी एक्ट के तहत कार्रवाई की बजाय शांतिभंग में चालान किए जाने पर चर्चाएं हो रही हैं।
रिपोर्टों में कहा गया है कि लखीमपुर खीरी जिले के ईसानगर, पलिया, सिंगाही इलाकों में कार्रवाई की गई जिसमें 6 लोगों को गिरफ्तार किया गया। आरोप यह है कि उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की एडिटेड फोटो सोशल मीडिया (इंस्टाग्राम या अन्य प्लेटफ़ॉर्म) पर डालकर वायरल की। इसके बाद आईटी अधिनियम, मानहानि एवं आपत्तिजनक सामग्री फैलाने जैसी धाराओं में FIR दर्ज की गई।
पुलिस और प्रशासन का बयान
सिंगाही कस्बे में समीर खान नामक युवक को इंस्टाग्राम पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की आपत्तिजनक तस्वीर साझा करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। समीर ने यह तस्वीर अपने इंस्टाग्राम स्टेटस पर लगाई थी, जिसका स्क्रीनशॉट ‘टीम हिंदुत्व’ नामक एक्स यूजर ने एक्स पर साझा कर दिया था। थाना प्रभारी अजीत कुमार ने बताया कि आरोपी समीर के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पुलिस का कहना है कि सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री जैसे संवैधानिक पदों के साथ छेड़छाड़ करना गंभीर अपराध है।इसके पीछे किसी तरह की राजनीतिक या साम्प्रदायिक साजिश की भी जाँच की जा रही है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि ऐसे कृत्यों पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी।




