लखीमपुर खीरी। जिले में पुलिसकर्मियों के तबादले को लेकर एसपी संकल्प शर्मा ने सख्ती दिखाई है। गुरुवार देर रात सभी थाना प्रभारियों को आधे घंटे के अंदर तबादला किए गए पुलिसकर्मियों की रवानगी सुनिश्चित करने और रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए।
पिछले आदेशों की अनदेखी बनी समस्या
तीन साल की तैनाती अवधि पूरी करने के बावजूद कई पुलिसकर्मी अपने पदों पर जमे हुए थे। 2 दिसंबर को तत्कालीन एसपी गणेश प्रसाद साहा ने 135 पुलिसकर्मियों के तबादले किए थे, लेकिन आदेश का पालन नहीं हुआ। थाना प्रभारियों ने किसी भी पुलिसकर्मी को स्थानांतरित नहीं किया।
एसपी का सख्त रुख
एसपी संकल्प शर्मा ने इस लापरवाही पर कड़ा रुख अपनाते हुए सभी थाना प्रभारियों को रेडियो संदेश भेजा। संदेश में कहा गया कि तबादले वाले पुलिसकर्मियों को तत्काल नई जगह रवाना किया जाए और आधे घंटे में रवानगी की रिपोर्ट दी जाए। इस आदेश के बाद थाना प्रभारियों ने कार्रवाई शुरू की और कई पुलिसकर्मियों की रवानगी की प्रक्रिया पूरी की गई।
चार साल से तैनात आरक्षी का तबादला फिर अटका
थाना नीमगांव में चार साल से तैनात आरक्षी संजय यादव का तबादला संपूर्णानगर कर दिया गया था। लेकिन, थाना प्रभारी ने थाने पर जीप चालक की कमी का हवाला देकर रवानगी रोक दी। सूत्रों के अनुसार, यह पहली बार नहीं है जब आरक्षी संजय यादव का तबादला रुका हो। उनकी कार्यशैली को लेकर भी चर्चाएं होती रहती हैं।
एसपी ने दिया स्पष्ट संदेश
एसपी ने स्पष्ट किया है कि तबादला आदेश का पालन हर हाल में किया जाएगा। लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निष्कर्ष:
एसपी संकल्प शर्मा के सख्त कदम से लखीमपुर खीरी में पुलिस प्रशासन में अनुशासन और जिम्मेदारी सुनिश्चित होने की उम्मीद है। इससे आम जनता का पुलिस प्रशासन पर भरोसा भी मजबूत होगा।




